कर्नाटक के संसदीय कार्य और विधि विभाग ने विवादित 2011 KPSC भर्ती से जुड़े मामलों में नियुक्तियां समाप्त कर नई भर्ती प्रक्रिया अपनाने की सलाह दी है। इंडियन एक्सप्रेस की 4 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार यह राय सुप्रीम कोर्ट द्वारा मान्यता देने वाले 2022 कानून को रद्द करने के बाद आई।
मामला 362 समूह A और B पदों की भर्ती से जुड़ा है। विभाग ने सीमित अभ्यर्थियों के लिए अलग परीक्षा पर भी कानूनी कठिनाई बताई है। यह अदालत के आदेश के बाद प्रशासनिक सलाह की खबर है। किसी नई परीक्षा की तारीख, आवेदन या चयन सूची की घोषणा इस रिपोर्ट में नहीं की गई है।
कर्नाटक हाई कोर्ट के भवन की फाइल फोटो; भर्ती प्रकरण के न्यायिक संदर्भ की सांकेतिक तस्वीर।




