छत्तीसगढ़ के गोमर्डा वन्यजीव अभयारण्य में लंबे अंतराल के बाद कृष्णमृग वापस लाने की योजना है। इंडियन एक्सप्रेस की 4 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार बारनवापारा अभयारण्य से 50 कृष्णमृगों के स्थानांतरण की तैयारी बताई गई है।
इस क्षेत्र से प्रजाति दशकों पहले गायब हो गई थी। बारनवापारा में संरक्षण कार्यक्रम के बाद संख्या बढ़ने को स्थानांतरण की पृष्ठभूमि बताया गया है। योजना का उद्देश्य उपयुक्त घासभूमि में आबादी फिर स्थापित करना है। इसे सभी जानवरों के पहुंच जाने या संरक्षण परिणाम सुनिश्चित हो जाने की खबर नहीं समझना चाहिए। निगरानी और आवास प्रबंधन आगे महत्वपूर्ण होंगे।
राजस्थान में कृष्णमृग की फाइल फोटो; गोमर्डा स्थानांतरण की तस्वीर नहीं।




