तीन महीने के आंकड़ों का मिलान
भोपाल रेल मंडल के GRP थानों में मई से जुलाई 2026 के बीच चोरी के 1,660 मामले दर्ज किए गए। फ्री प्रेस जर्नल की 5 नवंबर की रिपोर्ट में पिछले वर्ष की समान अवधि के 1,548 मामलों से तुलना की गई है। इस तरह 112 मामलों या लगभग 7.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई।
चोरी गई संपत्ति का मूल्य भी बढ़ा
रिपोर्ट के मुताबिक तीन महीनों में नकदी और कीमती सामान की दर्ज कीमत 5.08 करोड़ रुपये रही, जबकि 2025 की समान अवधि में यह 4.15 करोड़ रुपये थी। आंकड़े दर्ज मामलों से संबंधित हैं, प्रत्येक यात्री या हर ट्रेन की सुरक्षा स्थिति का व्यक्तिगत आकलन नहीं।
लूट और झपटमारी के दो-दो मामले दोनों अवधियों में दर्ज हुए। नशीला पदार्थ देकर चोरी करने के एक-एक मामले का भी उल्लेख है। अलग-अलग अपराध श्रेणियों को सामान्य चोरी के आंकड़े में मिलाकर नया कुल नहीं बनाया गया है।
GRP का अभियान
GRP अधिकारियों ने बताया कि अवसर देखकर ट्रेन में चढ़ने वाले अपराधी सो रहे यात्रियों के सामान को निशाना बनाते हैं। पुलिस ने विशेष अभियान और कुछ गिरोहों की गिरफ्तारी की जानकारी दी है।
ये मई–जुलाई के ऐतिहासिक आंकड़े हैं। इन्हें आज किसी विशेष ट्रेन में चोरी होने की चेतावनी नहीं समझना चाहिए। यात्री सामान पर निगाह रखें और घटना या संदिग्ध गतिविधि की शिकायत आधिकारिक रेलवे सहायता व्यवस्था में दर्ज कराएं।
भोपाल जंक्शन के भवन की फाइल फोटो; तस्वीर में कोई चोरी की घटना नहीं दिखाई गई है।




